असम विरोधी, देश विरोधी हर मानसिकता को देश न बर्दाश्त करेगा, न कभी माफ करेगाः PM मोदी

दिल्ली, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) आज बोडो समझौते (Bodo agreement) को लेकर कोकराझार (Kokrajhar) में होने वाले समारोह में शामिल होने पहुंच चुके हैं । इस मौके पर प्रधानमंत्री मोदी एक रैली को संबोधित कर रहे है। 7 फरवरी, 2020 को होने वाले इस समारोह के लिए बोडो समझौते पर 27 जनवरी, 2020 को नई दिल्‍ली में हस्‍ताक्षर किए गए थे। 

Live Updates:

– असम विरोधी, देश विरोधी हर मानसिकता को देश न बर्दाश्त करेगा, न कभी माफ करेगाः PM मोदी

– बोडो समझौते में सबकी जीत हुई है, शांति की जीत हुई है, मानवता की जीत हुई हैः PM मोदी

– कुछ लोग डंडा मारने की बात करते हैंः PM मोदी

– राहुल के बयान पर PM मोदी का पलटवार- मेरे पास जनता का सुरक्षा कवच

– आज का दिन पूरे नॉर्थ-ईस्ट के लिए ऐतिहासिक दिनः PM मोदी

–  बहुत रैलियां देखीं, लेकिन इतना विशाल जनसैलाब नहीं देखाः PM मोदी

बता दें कि गत दिसम्बर में संशोधित नागरिकता कानून के खिलाफ प्रदर्शन शुरू होने के बाद से यह प्रधानमंत्री का पहला पूर्वोत्तर दौरा होगा। असम में इस दौरे को लेकर प्रधानमंत्री मोदी ने ट्वीट कर कहा, कल मैं असम में दौरे को लेकर उत्सुक हूं। मैं एक जनसभा को संबोधित करने के लिए कोकराझार में रहूंगा। हम बोडो समझौते पर सफलतापूर्वक हस्ताक्षर किये जाने का जश्न मनाएंगे जिससे दशकों की समस्या का अंत होगा। यह शांति और प्रगति के नये युग की शुरूआत का प्रतीक होगा।

दरअसल बोडो असम का सबसे बड़ा आदिवासी समुदाय है जो राज्य की कुल जनसंख्या का लगभग 6 प्रतिशत है। लंबे समय तक असम के बड़े हिस्से पर बोडो आदिवासियों का नियंत्रण रहा है। असम के चार जिलों कोकराझार, बाक्सा, उदालगुरी और चिरांग को मिलाकर बोडो टेरिटोरिअल एरिया डिस्ट्रिक्ट को गठित किया गया है। बोडो समुदाय ने वर्ष 1966 में अलग बोडोलैंड बनाए जाने की मांग की थी। 
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के एकदिवसीय दौरे से पहले गुवाहाटी में दो आईडी लगाने के आरोप में उल्फा के एक संदिग्ध कार्यकर्ता को गिरफ्तार किया गया है। मोदी शुक्रवार को असम में 27 जनवरी को हुए बोडो शांति समझौते के बाद कोकराझार में आयोजित रैली को संबोधित करेंगे। बुधवार रात को शहर के व्यस्त रहने वाले पल्टन बाजार और पान बाजार इलाकों में दो आईईडी पाए गए थे। बम निरोधक दस्ता बाजार क्षेत्र से आईईडी निकालकर दूर ले गया जिन्हें बाद में निष्क्रिय कर दिया गया। 

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