बुलंदशहर : 2.95 लाख मतदाताओं के नाम कटे, अब 23 लाख 68 हजार 222 बचे
बुलंदशहर जिले में मतदाता सूची को शुद्ध करने के लिए चलाए गए विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान के तहत लगभग 2.95 लाख मतदाताओं के नाम सूची से हटा दिए गए हैं। यह अभियान शुक्रवार को संपन्न हुआ।
4 नवंबर से शुरू हुए इस अभियान से पहले जिले में कुल 26 लाख 63 हजार 718 मतदाता थे। नाम हटाए जाने के बाद अब मतदाताओं की संख्या 23 लाख 68 हजार 222 रह गई है। हटाए गए नामों में वे मतदाता शामिल हैं जो वर्षों पहले अपना घर या शहर छोड़कर दूसरी जगहों पर चले गए थे।
प्रशासनिक आंकड़ों के अनुसार, इसे वर्ष 2003 के बाद का सबसे बड़ा शुद्धिकरण अभियान माना जा रहा है। चुनाव प्रक्रिया में पारदर्शिता लाने के लिए बूथ लेवल ऑफिसर (बीएलओ) द्वारा घर-घर जाकर सत्यापन किया गया, जिसमें सॉफ्टवेयर और जमीनी सत्यापन दोनों का उपयोग किया गया।
सिकंदराबाद में 4,02,459 से घटकर 3,55,017 मतदाता रह गए, यानी 47,442 की कमी। बुलंदशहर सीट पर 46,205 मतदाता घटे, संख्या 3,98,358 से 3,52,153 हो गई। स्याना में 29,322 की गिरावट दर्ज हुई, यहां संख्या 3,88,214 से 3,58,892 रह गई। अनूपशहर में 45,534 मतदाता कम हुए, कुल संख्या 3,83,059 से 3,37,525 हो गई। डिबाई सीट पर 39,995 मतदाता घटे, संख्या 3,54,416 से 3,14,421 पहुंच गई। शिकारपुर में 34,968 की कमी आई, यहां 3,40,140 से घटकर 3,05,172 मतदाता रह गए। खुर्जा (अजा.) में सबसे ज्यादा 52,030 मतदाता कम हुए, संख्या 3,97,072 से 3,45,042 रह गई।
अभियान के दौरान हटाए गए मतदाताओं में सबसे बड़ी संख्या उन लोगों की थी जो स्थानांतरित हो चुके थे। सर्वे में पता चला कि लगभग 2.35 लाख मतदाता ऐसे हैं जो रोजगार, शादी या अन्य कारणों से स्थायी रूप से दूसरे जनपदों या राज्यों में बस गए हैं। नियमानुसार, यदि कोई मतदाता छह महीने से अधिक समय से अपने दर्ज पते पर नहीं रह रहा है, तो उसका नाम सूची से काटा जाना अनिवार्य है।
विधानसभावार आंकड़ों के अनुसार, खुर्जा विधानसभा क्षेत्र से सर्वाधिक 52,025 मतदाताओं के नाम सूची से हटाए गए हैं। वहीं, स्याना विधानसभा क्षेत्र में सबसे कम 29,322 मतदाताओं के नाम सूची से हटाए गए।

