Chamoli Cloudburst : आधी रात को चमोली के थराली में फटा बादल
उत्तरकाशी: उत्तराखंड में प्राकृतिक आपदाओं का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है. शुक्रवार देर रात करीब 1 बजे थराली कस्बे और उसके आसपास के इलाकों में बादल फटने की घटना ने हड़कंप मचा दिया. देखते ही देखते मूसलाधार बारिश के साथ मलबा कई घरों में घुस गया और सड़कें क्षतिग्रस्त हो गईं. स्थानीय लोगों के मुताबिक थराली बाज़ार, राड़ीबगड़ और चेपडो गांवों में सबसे ज्यादा नुकसान हुआ है. कई वाहन मलबे में दब गए जबकि कई मकानों में घुसा मलबा लोगों के लिए मुसीबत बन गया. फिलहाल 2 लोग लापता हैं. उनके बारे में कोई जानकारी नहीं है.
थराली विकासखंड में बादल फटने के बाद यहां पहुंचना इतना आसान भी नहीं है. जगह-जगह लैंडस्लाइड होने की वजह से रेस्क्यू टीम को पैदल ही सफर करना पड़ा है. लगभग 14 से 15 किलोमीटर पैदल उन इलाकों में पहुंचा जा सकता है जहां पर की बादल फटने से नुकसान हुआ है. चेपडो और केदारबगड़ तथा सागवाड़ा में सहित थराली बाजार में भारी नुकसान हुआ है. एनडीआरफ, एसडीआरएफ कि टीम पैदल ही मौके के लिए रवाना हुई है जो सुबह से मौके पर पहुंचने की कोशिश कर रही है.
एसपी सर्वेश पंवार ने बताया कि एक महिला और एक पुरुष लापता हैं, एक शव बरामद हुआ. भारी मलबे की वजह से रेस्क्यू ऑपरेशन धीमा पड़ गया है. प्रशासन व एनडीआरएफ-एसडीआरएफ की टीम लगातार तलाश में जुटी है.
स्वास्थ्य विभाग की टीम मौके पर तैनात
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर अभिषेक गुप्ता ने बताया कि थराली आपदा में राहत हेतु स्वास्थ्य विभाग की टीम मौके पर तैनात कर दी गयी है, जिसका विवरण निम्न प्रकार है.
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र थराली में वर्तमान में
4 चिकित्सा अधिकारी
6 स्टाफ नर्स
1 फार्मासिस्ट
1 ड्राइवर मय एम्बुलेंस, जीवन रक्षक औषधी सहित अलर्ट पर है.
अतिरिक्त 2-108 एम्बुलैंस एवं
2 विशेषज्ञ चिकित्साधिकारी की टीम एसडीएच कर्णप्रयाग से तैनाती की गई है.
अतिरिक्त 1 चिकित्साधिकारी पीएचसी देवाल से तैनाती की गई है.
एसडीआरएफ और एनडीआरएफ की टीम्स मौके पर
थराली में आई तबाही के बाद एसडीआरएफ और एनडीआरएफ की टीम्स मौके पर पहुंच गई है और लगातार सर्च और रेस्क्यू ऑपरेशन चला रही हैं.
सीएम ने जताया दुख
उत्तराखंड के सीएम पुष्कर सिंह धामी ने बादल फटने की घटना पर दुख जताया है. उन्होंने कहा कि जनपद चमोली के थराली क्षेत्र में देर रात बादल फटने की दुःखद सूचना प्राप्त हुई है. जिला प्रशासन, एसडीआरएफ, पुलिस मौके पर पहुंचकर राहत और बचाव कार्यों में जुटे हुए हैं. इस संबंध में निरंतर स्थानीय प्रशासन के संपर्क में हूं और स्वयं स्थिति की गहन निगरानी कर रहा हूं. ईश्वर से सभी के सकुशल होने की प्रार्थना करता हूं