कोडीन कफ सिरप के मास्टरमाइंड सहित 6 पर NBW
कोडीन कफ सिरप कांड के मास्टरमाइंड शुभम जायसवाल सहित उसके 5 सहयोगियों पर अपर सत्र न्यायाधीश फास्ट ट्रैक मनोज कुमार की अदालत ने गैर जमानती वारंट (NBW) जारी किया है। कोतवाली थाने में दर्ज मामले में पुलिस के प्रार्थना पत्र पर यह निर्देश जारी किया गया है।
वाराणसी और सोनभद्र पुलिस ने शुभम पर 75 हजार का इनाम भी रखा है। पुलिस की सभी दलीलों को सुनने के बाद कोर्ट ने यह आदेश दिया है।
इस मामले में 50 हजार के इनामी और कफ सिरप के अवैध भंडारण का आरोपी प्रधान प्रतिनिधि गोदाम मालिक महेश सिंह ने पुलिस को चकमा देकर मनोज कुमार की कोर्ट में सरेंडर कर दिया। जहां से उसे न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया।
कोतवाली पुलिस ने कोर्ट में बताया कि स्थानीय थाने में कोडीन कफ सिरप मामले में 15 नवंबर को एफआईआर दर्ज की गई थी। जिसमें प्रहलाद घाट निवासी शुभम जायसवाल, खोजवां निवासी दिवेश जायसवाल, जौनपुर के वाजिदपुर का निवासी विकास सिंह, मैदागिन निवासी आकाश पाठक, गायघाट निवासी राहुल यादव और सोनिया निवासी अमित जायसवाल पर नामजद मुकदमा दर्ज किया गया था।
उसी दिन से ये सभी आरोपी फराफ हैं। पुलिस ने इनके सभी संभावित ठिकानों पर दबिश दी पर ये नहीं मिले और न ही इनका कोई सुराग मिला। इनके खिलाफ वाराणसी के अलावा सोनभद्र, जौनपुर, चंदौली, गाजीपुर और गाजियाबाद के अलावा हापुड़ और अन्य जिलों में भी मुकदमा दर्ज है। ऐसे में इनके खिलाफ NBW जारी किया जाए।
कोर्ट ने जारी किया NBW
कोतवाली पुलिस के प्रार्थना पत्र पर सुनवाई करते हुए अपर न्यायाधीश फास्ट ट्रैक कोर्ट मनोज कुमार ने शुभम जायसवाल सहित 6 नामजद अभियुक्तों के खिलाफ NBW जारी कर दिया है। बता दें की वाराणसी पुलिस ने शुभम पर 50 हजार एयर सोनभद्र पुलिस ने 25 हजार का इनाम रखा है। उसके ऊपर कुल 75 हजार का इनाम घोषित है।
50 हजार के इनामी ने किया सरेंडर
इसी दौरान फास्ट ट्रैक कोर्ट में पुलिस को चकमा देकर कफ सिरप के अवैध भंडारण का आरोपी 50 हजार के इनामी प्रधान पति गोदाम मालिक महेश सिंह ने सरेंडर कर दिया। पुलिस के अनुसार 19 नवंबर को रोहनिया पुलिस ने भदवर में एक जिम के नीचे बने गोदाम में दो करोड़ से अधिक के कफ सिरप मिले थे। इसमें केयर टेकर आजाद जायसवाल मौके से गिरफ्तार हुआ था। पुलिस ने गोदाम मालिक महेश सिंह, शुभम जायसवाल, पकड़े गए आजाद जायसवाल सहित अन्य पर मुकदमा दर्ज किया था। महेश के फरार रहने की वजह से उसपर इनाम घोषित किया गया था।

