Republic Day Celebration : भारतीय सशस्त्र बलों ने अपने शौर्य और पराक्रम से दुनिया को रूबरू कराया
पूरा देश आज 77वां गणतंत्र दिवस मना रहा है. राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने ऐतिहासिक मौके पर तिरंगा फहरा कर देशवासियों को शुभकामनाएं दी हैं. कर्तव्य पथ पर इस दौरान इंडियन आर्म्ड फोर्सेज ने अपने शौर्य और पराक्रम से दुनिया को रूबरू भी कराया. इंडियन एयरफोर्स ने राफेल और कॉम्बैट हेलीकॉप्टर के जरिये जब ऑपरेशन सिंदूर का फॉर्मेशन किया तो पूरा कर्तव्य पथ तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा. इस दौरान आसमान से पुष्प वर्षा भी की गई. केंद्र की मोदी सरकार की तरफ से इस बार गणतंत्र दिवस के मौके पर देशभर के अलग-अलग राज्यों से अल्पसंख्यक मुस्लिम, सिख, ईसाई, बौद्ध, जैन और पारसी समुदाय के लोगों को गणतंत्र दिवस की परेड देखने के लिए विशेष न्योता भेजा गया है. दिल्ली पहुंचे ये सभी परिवार कर्तव्य पथ पर मौजूद हैं. अल्पसंख्यक मंत्री किरण रिजिजू ने कहा कि PM मोदी के निर्देश पर खासतौर पर इन्हें बुलाया गया है और भारत सरकार के विशेष अतिथि हैं. केंद्र सरकार की तरफ से इनके रुकने, रहने और खाने-पीने की विशेष व्यवस्था की गई है. मयूर विहार के होटल क्राउन प्लाजा में केंद्रीय अल्पसंख्यक मंत्री किरण रिजिजू ने इन परिवारों के साथ बातचीत भी की. देश के अलग-अलग राज्य से आए इन लोगों ने सरकार द्वारा चलाई जा रही स्कीम से जो फायदा मिला है, उसकी कहानी भी रिजीजू के साथ साझा की.
दरअसल, ये सभी परिवार अल्पसंख्यक मंत्रालय द्वारा अल्पसंख्यकों के लिए चलाई जा रही NMDFC (नेशनल माइनॉरिटीज डेवलपमेंट एंड फाइनेंस कॉरपोरेशन) से जुड़े हैं. इस स्कीम के तहत सेल्फ इंप्लायमेंट देने के लिए सस्ती दरों पर लोन उपलब्ध कराया जाता है. गणतंत्र दिवस की परेड देखने के लिए दिल्ली पहुंचे इन परिवारों ने कहा कि दिल्ली तो पहले कई बार आए हैं, लेकिन ऐसा पहली बार हो रहा है कि जब परेड देखने के लिए विशेष तौर पर हमें बुलाया गया है. सरकार की तरफ से हमें जो लोन मुहैया कराया गया उससे हमें अपने कामकाज को आगे बढ़ाने में काफी मदद मिली है.
राष्ट्रपति ने ने वीरता पुरस्कारों को दी मंजूर
77वें गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने 70 सशस्त्र बल कर्मियों के लिए वीरता पुरस्कारों को मंजूरी दी है, जिनमें छह मरणोपरांत पुरस्कार शामिल हैं. इनमें एक अशोक चक्र, तीन कीर्ति चक्र, 13 शौर्य चक्र (एक मरणोपरांत सहित), एक बार टू सेना मेडल (वीरता), 44 सेना पदक (वीरता) (पांच मरणोपरांत सहित), छह नौ सेना पदक (वीरता), और दो वायु सेना पदक (वीरता) शामिल हैं. शौर्य चक्र पाने वालों में 21 पैरा (स्पेशल फोर्स) से लेफ्टिनेंट कर्नल घाटगे आदित्य श्रीकुमार, 32 असम राइफल्स से मेजर अंशुल बाल्टू, 5 पैरा (स्पेशल फोर्स) से मेजर शिवकांत यादव, 42 राष्ट्रीय राइफल्स से मेजर विवेक मेच, 11 पैरा (स्पेशल फोर्स) से मेजर लीशांगथेम दीपक सिंह और 6 पैरा (स्पेशल फोर्स) से कैप्टन योगेंद्र सिंह ठाकू शामिल हैं. एक असम राइफल्स से सूबेदार पीएच मोसेस, 4 राष्ट्रीय राइफल्स से बलदेव चंद (मरणोपरांत), 3 असम राइफल्स से राइफलमैन मंगलम सांग वैफेई, और 33 असम राइफल्स से राइफलमैन ध्रुबा ज्योति दत्ता थलसेना से शौर्य चक्र पाने वाले अन्य लोग हैं.
नेवी की महिला अफसरों को भी सम्मान
नौसेना की दो महिला अधिकारियों, लेफ्टिनेंट कमांडर दिलना और लेफ्टिनेंट कमांडर रूपा ए. को शौर्य चक्र प्रदान किया गया है. राष्ट्रपति ने सशस्त्र बलों और दूसरे जवानों के लिए 301 सैन्य अलंकरणों को भी मंजूरी दी है. इनमें 30 परम विशिष्ट सेवा पदक, चार उत्तम युद्ध सेवा पदक, 56 अति विशिष्ट सेवा पदक, नौ युद्ध सेवा पदक, दो बार टू सेना पदक (विशिष्ट), 43 सेना पदक (विशिष्ट), आठ नौसेना पदक (विशिष्ट), 14 वायु सेना पदक (विशिष्ट) और 135 विशिष्ट सेवा पदक शामिल हैं. इसके अलावा राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने वर्ष 2026 के लिए 131 पद्म पुरस्कारों के वितरण को मंजूरी दी. पद्म पुरस्कार देश के सर्वोच्च नागरिक पुरस्कारों में से एक हैं, जो तीन श्रेणियों में प्रदान किए जाते हैं – पद्म विभूषण, पद्म भूषण और पद्म श्री.
गणतंत्र दिवस परेड LIVE: भारतीय वायुसेना के ग्रुप कैप्टन शुभांशु शुक्ला को देश के सर्वोच्च शांति कालीन वीरता सम्मान ‘अशोक चक्र’ से सम्मानित किया गया. राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने कर्तव्य पथ पर आयोजित 77वें गणतंत्र दिवस समारोह के दौरान उन्हें यह सम्मान प्रदान किया. शुभांशु शुक्ला ने एक्सिओम-4 मिशन के तहत इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन की यात्रा की और 2025 में अपनी स्पेस फ्लाइट पूरी की थी. विंग कमांडर राकेश शर्मा के बाद वह अंतरिक्ष में जाने वाले दूसरे भारतीय अंतरिक्ष यात्री बने थे. इस मिशन के दौरान उन्होंने असाधारण साहस, त्वरित निर्णय क्षमता और कर्तव्य के प्रति अटूट समर्पण का परिचय दिया, जिसके लिए उन्हें यह प्रतिष्ठित सम्मान मिला है.

