google-site-verification=aXcKQgjOnBT3iLDjEQqgeziCehQcSQVIW4RbI82NVFo
Politics

मायावती बोलीं- कमर कस लीजिए, विधानसभा चुनाव नजदीक

यूपी विधानसभा चुनाव को लेकर बसपा सुप्रीमो मायावती एक्शन मोड में हैं। शुक्रवार को पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के साथ बड़ी बैठक कर रही हैं। इस दौरान उन्होंने सभी को SIR और आगामी चुनाव की तैयारियों के लिए एक्टिव रहने का संदेश दिया।

उन्होंने कहा- अब समय कम बचा है, ऐसे में सभी को कमर कसकर मैदान में उतरना होगा। आपको पता होगा कि पार्टी को कमजोर करने के लिए लगातार साजिशें रची जा रही हैं। कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों को ऐसे लोगों से सतर्क रहने की जरूरत है।

बैठक में प्रदेश मंडल अध्यक्ष, 403 विधानसभा सीटों के प्रभारी और भाईचारा समिति के पदाधिकारियों को बुलाया गया है। संगठन विस्तार, जनाधार बढ़ाने और सालभर की गतिविधियों की समीक्षा की जा रही है।

बैठक में मायावती ने क्या-क्या कहा?

1. संगठन को मजबूत करना होगा मायावती ने कहा- पार्टी के जनाधार को बढ़ाने के लिए एड़ी चोटी का जोर लगान होगा। जनता के बीच जाना होगा। पार्टी की गतिविधियों को और तेज करना होगा। बूथ स्तर तक संगठन को मजबूत करने के लिए रणनीति के तहत काम करना होगा।

2. हर विधानसभा सीट पर काम करना होगा मतायावती ने कहा- प्रदेश की सभी विधानसभा सीटों पर काम करना होगा। हर विधानसभा सीट की जिम्मेदारी संभाल रहे बसपा नेता अपने-अपने क्षेत्रों में सक्रिय रहें। जनता से सीधा संपर्क बढ़ाएं। पार्टी के पिछले काम और आगामी योजना के बारे में बताएं।

3. विरोधी दलों की साजिशों से सतर्क रहें मायावती ने आरोप लगाया- विपक्षी दल बसपा को कमजोर करने के लिए हर हथकंडे अपना रहे हैं। कार्यकर्ताओं को ऐसी कोशिशों को समझना होगा। ऐसे हर षड्यंत्रों से से सावधान रहना होगा।

4. धर्म की राजनीति से समाज में जहर घोल रहे मायावती ने कहा- धर्म और जाति की राजनीति से समाज में जहर घोलने का प्रयास किया जा रहा। विरोधी दल ऐसी हरकतों को बढ़ावा देकर समाज में नफरत फैला रहे। यह लोकतंत्र के लिए खतरनाक है।

5. संसद में जारी गतिरोध पर नाराजगी जताई मायावती ने संसद सत्र को लेकर कहा कि सत्ता और विपक्ष मुद्दों पर चर्चा करने के बजाय एक-दूसरे को नीचा दिखाने में लगे हैं। संसद को चलाने के लिए जो कानून और नियम बने हैं, उन पर गंभीरता से अमल होना चाहिए। टैरिफ, महंगाई और रोजगार जैसे अहम मुद्दों पर सरकार की स्थिति स्पष्ट नहीं है। इन पर चर्चा की बजाय राजनीतिक ड्रामा हो रहा है। सत्ता और विपक्ष की आपसी लड़ाई के कारण जनता से जुड़े मुद्दे दरकिनार किए जा रहे हैं।

Umh News india

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *