जन्माष्टमी पर लड्डू गोपाल को माखन मिश्री के साथ इन 5 चीजों का भी लगाएं भोग
Krishna Janmashtami 2025 Kanhaji Ke Priya Bhog : भाद्रपद मास के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को कृष्ण जन्माष्टमी का पर्व मनाया जाता है और इस बार यह शुभ तिथि 16 अगस्त दिन शनिवार को हैं. जन्म के बाद लड्डू गोपाल का पंचामृत से स्नान करवाया जाता है और फिर वस्त्र पहनाकर भोग लगाया जाता है. भगवान श्रीकृष्ण को विधि विधान के साथ भोग लगाना बेहद भावपूर्ण व अत्यंत पवित्र प्रकिया है. भगवान कृष्ण के सबसे पसंदीदा भोग में से एक है माखन मिश्री लेकिन इसके अलावा शास्त्रों में और भी चीजों का भोग लगाने के बारे में बताया गया है, जो उनके जीवन चरित्र और बाल लीलाओं पर आधार हैं. आइए जानते हैं भगवान श्रीकृष्ण के 5 प्रिय भोग के बारे में…
भगवान श्रीकृष्ण को माखन-मिश्री बेहद प्रिय है. कृष्णजी की बाल लीलाओं में उन्होंने कई घरों से माखन-मिश्री चुराते थे इसलिए भक्त उनको माखनचोर भी कहते हैं.
दूघ, शहद, घी, दही और शक्कर से बने पंचामृत बहुत पवित्र माना जाता है. पंचामृत से भगवान का दिव्य स्नान किया जाता है और यह भोग में भी प्रयोग किया जाता है. इसलिए जन्माष्टमी पर भगवान कृष्णजी को पंचामृत का भी भोग लगाएं.
जन्माष्टमी के दिन मौसमी फलों को जरूर रखें. इसमें आप केला, सेब, अनार, अमरूद आदि का इस्तेमाल कर सकते हैं.
कृष्ण जन्माष्टमी या राम नवमी जैसे प्रमुख त्योहारों में पंजीरी का भोग भी लगाया जाता है. यह भगवान को अर्पित किए जाने वाले प्रमुख प्रसादों में से एक है. पंजीरी का भोग भगवान के प्रति श्रद्धा और भक्ति का प्रतीक है.
कृष्ण जन्माष्टमी के मौके पर बहुत से घरों में भगवान कृष्ण का भोग लगाने के लिए कई तरह की बर्फी बनाई जाती है, जिसे कई जगहों पर पाग भी कहा जाता है. इसमें लौकी, खोए, मूंगफली, तिल आदि का पाग बना सकते हैं. इनके पाग को आप मिठाई के तौर पर प्रयोग कर सकते हैं, जो भगवान को भोग में लगाया जाता है.इनके अलावा आप भोग में दूध और दूध से बनी मिठाइयों का भी प्रयोग कर सकते हैं. साथ ही कई जगहों पर 56 भोग का आयोजन भी किया जाता है. आप बेसन के लड्डू, खीर, गुड़ चना, पेड़ा, आदि का भी भोग लगा सकते हैं.