google-site-verification=aXcKQgjOnBT3iLDjEQqgeziCehQcSQVIW4RbI82NVFo
Dailynews

शियाओं का अधिवेशन : वंदेमातरम् के नाम पर डराया जा रहा

लखनऊ के इमामबाड़ा में ऑल इंडिया शिया पर्सनल लॉ बोर्ड का महाअधिवेशन हो रहा है। इसमें नेपाल-बांग्लादेश के अलावा देशभर से 2000 लोग पहुंचे हैं। इस दौरान जम्मू-कश्मीर के मौलाना आगा सैय्यद अब्बास रिजवी ने कहा- हमारे जवानों को भारत माता की जय और वंदे मातरम् के नाम पर डराया जाता है।

उन्होंने कहा- आप लोग आंख की रोशनी से हिंदुस्तान को देखते हो, हम दिल की रोशनी और मोहब्बत की आंखों से भारत को देखते हैं। पाकिस्तान में शिया मुस्लिमों के साथ जो सलूक किया जा रहा है, वही यहां भी हो रहा है। 7 करोड़ की हमारी आबादी है। इसके बाद भी हमारा प्रतिनिधित्व केंद्र और राज्य सरकारों में नहीं है।

महाअधिवेशन की अध्यक्षता ऑल इंडिया शिया पर्सनल लॉ बोर्ड के अध्यक्ष मौलाना सैय्यद मेहंदी कर रहे हैं। इसमें शिया मुसलमानों की वर्तमान स्थिति, उनके अधिकारों और वक्फ संपत्तियों की सुरक्षा जैसे अहम मुद्दों पर चर्चा हो रही है। अधिवेशन की वजह से बड़ा इमामबाड़ा पर्यटकों के लिए आज बंद कर दिया गया है।

अधिवेशन में शामिल जहीर मुस्तफा ने कहा कि सबसे बड़ा मुद्दा यह है कि हम लोगों की राजनीतिक हैसियत नहीं है। 7 से 8 करोड़ शिया होने के बाद भी हमें राजनीतिक रूप से वह पहचान नहीं मिल रही है क्योंकि हम लोग सामाजिक रूप से बहुत शांत रहते हैं।

राजनीतिक तौर पर हमारी पहचान बने इसलिए आज का मुद्दा यह बेहद जरूरी है। शिया समुदाय भाजपा की तरफ ज्यादा झुकाव रखता है। उसकी वजह है अटल बिहारी वाजपेयी, डॉ. बीआर कपूर और मौजूदा समय में राजनाथ सिंह ऐसे नेता हैं जिन्होंने शिया समुदाय को पूरा सम्मान दिया। इसीलिए हम लोग का भाजपा की तरफ ज्यादा झुकाव रहता है।महाअधिवेशन में पश्चिम बंगाल के मौलाना फिरोज, बिहार के मौलाना असद यावर, झारखंड के मूसी रजा, रांची के तहजीबुल हसन, दिल्ली के मेहंदी माजीद, जम्मू-कश्मीर के मौलाना मूसली, मुंबई के मौलाना जहीर अब्बास, पंजाब अनीस हैदर, नेपाल के मौलाना जैनुलाबदीन, बांग्लादेश के मौलाना राशीद हिस्सा ले रहे हैं।

मौलाना आगा सैय्यद अब्बास रिजवी ने मंच से वंदे मातरम् का मतलब बताते हुए कहा कि ‘वंदे मातरम्’ मां को सलाम हो सिर्फ इतना ही इसमें नहीं है। तू मीठे पानी वाली मां, फलों वाली मां , पहाड़ों की ठंडी हवाओं वाली मां, हरे भरे खेतों में हरियाली वाली मां, रात की चांदनी से भी ज्यादा रोशन मां, तू मीठी जबान और सुकून देने वाली मां।

हुकूमत से हम यह कहना चाहते हैं कि हमारी 7 करोड़ आबादी पूरे भारत में है। हमारे साथ वही सुलूक किया जा रहा है जो पाकिस्तान में हमारे समुदाय के साथ किया जाता है। 7 करोड़ की आबादी होने के बाद भी हमारा प्रतिनिधित्व केंद्र और राज्य सरकारों में नहीं है। हमने यह बात राजनाथ सिंह से 2015 में कही थी।

जम्मू कश्मीर से आए मौलाना आगा सैय्यद अब्बास रिजवी ने कहा कि हमारे जवानों को भारत माता की जय और वंदे मातरम् के नाम पर डराया जाता है। जो लोग वंदे मातरम् कहलाते हैं, मैं उनसे एक सवाल पूछता हूं क्या वह वंदे मातरम् का मतलब बता सकते हैं।

नहीं बताएंगे और जिससे पूछते हैं उनको भी नहीं पता कि वंदे मातरम् का मतलब क्या है? वंदे मातरम् 1870 में लिखा गया और 1885 में कोलकाता में लोगों के सामने पेश किया गया।

वंदे मातरम् का मतलब है ‘मां तुझे सलाम’ मैं तो मां को हमेशा सलाम करता हूं। यहां तो खुली फिजा में रहने वाले लोग हैं। हम तो वहां रहते हैं, जहां पाकिस्तान का जुल्म बर्दाश्त किया है। हमने एक किताब लिखी है ‘आगोश-ए-हिन्द’। जो किताब हमने लिख दी यह वंदे मातरम् कहलाने वाले भी नहीं लिख पाएंगे।

आप लोग आंख की रोशनी से हिंदुस्तान को देखते हो, हम दिल की रोशनी और मोहब्बत की आंखों से भारत को देखते हैं।

Umh News india

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *