लट्ठमार होली शुरू : बरसाना में सखियों ने पुलिसवालों को मारे लट्ठ
मथुरा के बरसाना में बुधवार को प्रसिद्ध लट्ठमार होली खेली जा रही है। सुबह से ही बरसाने की गलियां भक्तों से सजी-धजी हैं। हर तरफ अबीर-गुलाल दिखाई दे रहा है। गुलाल से रंगे भक्त ढोल-नगाड़ों की धुन पर झूम रहे हैं। डांस कर रहे हैं। होली के गीत गा रहे हैं।
इससे पहले सुरक्षा व्यवस्था में तैनात पुलिसवालों के साथ महिलाओं ने लट्ठमार की। नंदगांव से आए हुरियारों का पीली पोखर पर स्वागत किया गया। हुरियारे यहां से भगवान कृष्ण के स्वरूप का ध्वजा श्री जी मंदिर ले जाएंगे। श्रीजी के चरण स्पर्श के बाद रंगीली गली में लट्ठमार होली शुरू होगी। होली देखने और खेलने के लिए 20 लाख श्रद्धालु बरसाना पहुंचे हैं। इनमें विदेशी टूरिस्ट भी शामिल हैं।
प्रशासन के मुताबिक, सुरक्षा के लिहाज से 4500 से ज्यादा पुलिसकर्मी, PAC और एंटी रोमियो टीम तैनात की गई है। इससे पहले मंगलवार को राधारानी (लाड़लीजी) मंदिर में लड्डूमार होली खेली गई थी। महंतों ने मंदिर की छत पर बनी सफेद छतरी से लड्डू लुटाए थे।
लट्ठमार होली इसलिए खास
- बरसाना राधा रानी का जन्मस्थान है। लट्ठमार होली में नंदगांव यानी श्रीकृष्ण का जहां बचपन बीता, वहां के हुरियारे 8Km दूर बरसाना में होली खेलने आते हैं। कुंज और रंगीली गलियों से होते हुए करीब 3Km तक चलते हैं।
- गलियों में दोनों तरफ खड़ी हुरियारने लाठियां मारती हैं, इनसे बचने के लिए हुरियारे ढाल का सहारा लेते हैं। ऐसी मनोरम और वर्ल्ड फेमस होली देखने के लिए बड़ी संख्या में टूरिस्ट मथुरा-वृंदावन पहुंचते हैं।

