PM नरेंद्र मोदी वाराणसी से जीते नहीं जिताए गए : अजय राय
लखनऊ/वाराणसी. लोकसभा चुनाव 2024 में वाराणसी सीट से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की जीत को लेकर नया विवाद खड़ा हो गया है. कांग्रेस के उत्तर प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने सांसद राहुल गांधी के वोट चोरी के आरोपों का समर्थन करते हुए बड़ा दावा किया है कि प्रधानमंत्री की जीत निष्पक्ष नहीं थी, बल्कि वोट चोरी के जरिए उन्हें जिताया गया. इस बयान के बाद कांग्रेस और भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के बीच सियासी घमासान तेज हो गया है.
अजय राय ने रविवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, “प्रधानमंत्री जी ने वाराणसी से जीत हासिल नहीं की, बल्कि उनकी जीत सुनियोजित वोट चोरी और धांधली से सुनिश्चित की गई.” उन्होंने दावा किया कि चुनाव आयोग ने विपक्ष के साथ मिलकर मतदाता सूची में हेरफेर किया और नकली वोट डाले गए. राय ने यह भी कहा कि शुरुआती मतगणना में पीछे रहने के बावजूद बाद में परिणाम बदल गए, जिससे प्रधानमंत्री को 1.5 लाख वोटों की मामूली बढ़त मिली.
राहुल गांधी ने लगाया था वोट चोरी का आरोप
इस बयान का आधार राहुल गांधी का हालिया आरोप है, जिसमें उन्होंने दावा किया था कि 2024 के लोकसभा चुनावों में व्यापक वोट चोरी हुई और 80 से अधिक सीटों पर धांधली के सबूत हैं. गांधी ने चुनाव आयोग पर भी सवाल उठाए थे, जिसके बाद यह मुद्दा राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा में आ गया.
लखनऊ/वाराणसी. लोकसभा चुनाव 2024 में वाराणसी सीट से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की जीत को लेकर नया विवाद खड़ा हो गया है. कांग्रेस के उत्तर प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने सांसद राहुल गांधी के वोट चोरी के आरोपों का समर्थन करते हुए बड़ा दावा किया है कि प्रधानमंत्री की जीत निष्पक्ष नहीं थी, बल्कि वोट चोरी के जरिए उन्हें जिताया गया. इस बयान के बाद कांग्रेस और भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के बीच सियासी घमासान तेज हो गया है.
अजय राय ने रविवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, “प्रधानमंत्री जी ने वाराणसी से जीत हासिल नहीं की, बल्कि उनकी जीत सुनियोजित वोट चोरी और धांधली से सुनिश्चित की गई.” उन्होंने दावा किया कि चुनाव आयोग ने विपक्ष के साथ मिलकर मतदाता सूची में हेरफेर किया और नकली वोट डाले गए. राय ने यह भी कहा कि शुरुआती मतगणना में पीछे रहने के बावजूद बाद में परिणाम बदल गए, जिससे प्रधानमंत्री को 1.5 लाख वोटों की मामूली बढ़त मिली.
राहुल गांधी ने लगाया था वोट चोरी का आरोप
इस बयान का आधार राहुल गांधी का हालिया आरोप है, जिसमें उन्होंने दावा किया था कि 2024 के लोकसभा चुनावों में व्यापक वोट चोरी हुई और 80 से अधिक सीटों पर धांधली के सबूत हैं. गांधी ने चुनाव आयोग पर भी सवाल उठाए थे, जिसके बाद यह मुद्दा राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा में आ गया.