गाजियाबाद में पेट्रोल डालकर युवक ने लगाई आग
गाजियाबाद में एक युवक ने खुद पर पेट्रोल डालकर आग लगा ली। गंभीर हालत में उसे दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां रविवार सुबह उसकी मौत हो गई। मरने से पहले युवक ने अपने मोबाइल पर सर्च किया था कि तुरंत मरने के लिए क्या करना चाहिए-फांसी लगानी चाहिए या जलकर मरना चाहिए।
यह घटना शनिवार देर रात की है। पुलिस ने युवक का मोबाइल कब्जे में ले लिया है। उसकी पहचान मधुर यादव के रूप में हुई है। मधुर का चयन राजस्थान कोर्ट में स्टेनो के पद पर हुआ था।
युवक ने यह कदम क्यों उठाया, इसकी वजह अभी स्पष्ट नहीं हो पाई है। पड़ोसियों के अनुसार, मधुर का एक युवती से अफेयर चल रहा था। वहीं, पिता ने आत्महत्या की बात से इनकार करते हुए आरोप लगाया है कि किसी ने उसे नशीला स्प्रे सुंघाकर बेहोश किया और फिर पेट्रोल डालकर जला दिया।
राजस्थान में स्टेनो के पद पर हुआ चयन
गाजियाबाद के मोदीनगर में मंगल विहार कॉलोनी में रहने वाले जितेंद्र यादव सिंचाई विभाग में तैनात हैं। उनका बड़ा बेटा मधुर यादव (25) का कुछ दिन पहले ही राजस्थान में कोर्ट में स्टेनो के पद पर चयन हुआ था। जिसकी ज्वाइनिंग डेट अभी नहीं आई थी। मधुर यादव 2 भाइयों में बड़ा था। छोटा भाई 12 वीं की पढ़ाई कर रहा है।
घर से 2 KM दूर आग लगाई
मधुर शनिवार रात करीब 9 बजे अपने घर से निकला था। घर से 2 किमी दूर निवाड़ी रोड पर 30 फीटा के पास उसने अपने शरीर पर पेट्रोल डालकर आग लगा ली। चूंकि, उस जगह पर ज्यादा भीड़भाड़ नहीं रहती इसलिए काफी देर बाद किसी ने देखा।
उधर से गुजर रहे एक राहगीर अभिषेक ने मधुर को जलती हुई हालत में देखा तो तुरंत पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस तुरंत मधुर को मोदीनगर के प्राइवेट हॉस्पिटल में ले गई। जानकारी होने पर परिजन भी अस्पताल पहुंचे।
डॉक्टरों ने बताया- मरीज 80 प्रतिशत तक जल गया है। डॉक्टरों ने उसे तुरंत दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल के लिए रेफर कर दिया। पुलिस ने झुलसी हुई हालत में मधुर से घटना के बारे में पूछा तो उसने अभिषेक नाम के एक युवक का नाम लिया। इसके बाद वह बयान में कुछ बोल नहीं सका।
परिजन उसे लेकर दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल लेकर गए। वहां रात में ही भर्ती कराया गया लेकिन रविवार सुबह उसने दम तोड़ दिया।
ACP मोदीनगर अमित सक्सेना ने बताया कि युवक ने सुसाइड किया है। मोबाइल में इंटरनेट सर्च में यह साक्ष्य मिले हैं कि त्वरित मरा कैसे जाता है। जलकर कैसे मौत होती है, फांसी लगाकर कितनी देर में मौत हो जाती है। अब मोबाइल की पुलिस जांच कर रही है।

