दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे का प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया उद्घाटन
Delhi Dehradun Expressway Inauguration Live: दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे का प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को उद्घाटन किया. इस एक्सप्रेसवे का लोग लंबे समय से इंतजार कर रहे थे. इस एक्सप्रेसवे को बनाने में 12000 करोड़ से अधिक रूपये खर्च हुए हैं. इस उद्घाटन कार्यक्रम में देहरादून से सीएम धामी, केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी, प्रदेश अध्यक्ष, पूर्व मुख्यमंत्री जबकि सहारनपुर से सीएम योगी, राज्यपाल आनंदीबेन पटेल, सूबे के दोनों डिप्टी सीएम और बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष मौजूद रहे. इसके अलावा दिल्ली से मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता, प्रदेश अध्यक्ष सहित कई बड़े नेता मौजूद रहे.
जनसभा को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि यह भी एक शास्त्र है. अब यह तो हो गई व्यक्ति के भाग्य की, जो उसके हाथ में रेखाएं हैं, उसकी बात. लेकिन मैं अगर इसी संदर्भ को, इसी संदर्भ को राष्ट्र जीवन से जोड़कर के देखूं, तो राष्ट्र की भाग्य रेखाएं कौन सी होती है? हमारे हाईवे एक्सप्रेसवे ,एयरवे, रेलवे, वॉटरवे ये हमारे राष्ट्र की भाग्य रेखाएं होती हैं और बीते एक दशक से हमारा देश विकसित भारत बनाने के लिए विकास की ऐसी ही भाग्य रेखाओं के निर्माण में जुटा हुआ है. बीते दशक से हमारी सरकार राष्ट्र के इन विकास रेखाओं पर अभूतपूर्व निवेश कर रही है। मैं आपको बता दूं कि साल 2014 तक इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए साल में पूरे देश में दो लाख करोड़ रुपये भी खर्च नहीं होते थे, यह मैं पूरे हिंदुस्तान की बात बताता हूं. दो लाख करोड़ भी नहीं होते थे. लेकिन अब एक साल में 12 लाख करोड़ खर्च हो रहा है.
दिल्ली-देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर के इतने बड़े प्रोजेक्ट को पूरा करने में माता डाट काली का आशीर्वाद बहुत बड़ी शक्ति रहा है.
उत्तराखंड राज्य अपनी स्थापना के 25 वर्ष पूरा करने के साथ ही 26वें वर्ष में प्रवेश कर चुका है. आज दिल्ली देहरादून एक्सप्रेसवे के उद्घाटन के साथ इस प्रगति में एक और बड़ी उपलब्धि जुड़ी है.
इस एक्सप्रेसवे का बहुत बड़ा हिस्सा यूपी से होकर गुजरता है, इससे गाजियाबाद, बागपत, बड़ौत, शामली और सहारनपुर जैसे अनेक शहरों को भी बहुत फायदा होगा.
टूरिज्म के लिहाज से ये प्रोजेक्ट बहुत अहम है.
आर्टिकल 370 हटने के बाद आज पूरे देश में भारत का संविधान लागू है
जिन दर्जनों जिलों में माओवाद, नक्सलवाद खत्म हुआ है, वहां भी अब संविधान की भावना के अनुरूप काम हो रहा है
देश में समान नागरिक संहिता लागू हो. ये हमारे संविधान की अपेक्षा है. उत्तराखंड ने संविधान की इस भावना को आगे बढ़ाकर पूरे देश को राह दिखाई है. साथियों, बाबा साहब का जीवन गरीबों को, वंचितों को, शोषितों को न्याय पूर्ण व्यवस्था देने के लिए समर्पित था. हमारी सरकार आज उसी भावना के साथ हर गरीब हर वंचित को सच्चा सामाजिक न्याय देने में जुटी है और सामाजिक न्याय का एक बहुत बड़ा माध्यम देश का संतुलित विकास है. सबको सुविधा है सबकी समृद्धि है.

