गाजियाबाद में बेटी बोली- पापा को चाकू मारा-आंतें निकल आईं: मुझे जल्लादों की तरह पीटता था
‘मैं बता नहीं सकती कि मेरे पति ने मुझ पर क्या-क्या जुल्म किए। सालों तक सहती रही कि शायद वह बदल जाएगा, लेकिन वह शराब पीकर जल्लाद की तरह मारता-पीटता था। छह महीने पहले मेरी दोनों पसलियां तोड़ दी थीं। इस बार वह मुझे मारने आया था, लेकिन मेरे पिता बीच में आ गए और उन्होंने मेरी जान बचाने के लिए अपनी जान गंवा दी।’
ये बात कहते-कहते गाजियाबाद में मोदीनगर की रहने वाली मोनिका फूट-फूटकर रोने लगीं। पास खड़े भाई ने उनको सहारा दिया। सिर पर हाथ फेरा। मोनिका ने किसी तरह खुद को संभाला।
गाजियाबाद में एमआर दामाद ने गुरुवार रात करीब 10:30 बजे ससुर की हत्या कर दी थी। उसने ससुर के पेट में चाकू से 5 वार किए। बचाने पहुंची पत्नी का चाकू से हाथ काट दिया था।
घायल पत्नी मोनिका ने बताया- तीन दिन पहले शराब पीकर पति ने मुझे थप्पड़ मारा। मैं मायके आई तो यहां मेरी हत्या के लिए आ पहुंचा। मेरे पिता ब्लड कैंसर से जूझ रहे थे, मुझे बचाने के लिए वो बीच में आ गए। उस बेरहम आदमी ने मेरे बीमार पिता को भी नहीं बख्शा। उनके पेट में चाकू मारा। मेरी आंखों के सामने ही पापा के पेट से आंतें निकल आईं। मोनिका ने बताया- 9 जुलाई की रात करीब 10 बजे संदीप शराब के नशे में घर (मोनिका के मायके) आया। मुझे साथ चलने के लिए कहने लगा। पापा (अनार सिंह ) ने मना किया और पुलिस में शिकायत करने की बात कही। इसके बाद संदीप ने चाकू निकाल लिया और कहा- आज तुझे जिंदा नहीं छोड़ूंगा।
संदीप मेरी ओर बढ़ा तो पापा बीच में आ गए। इसके बाद संदीप ने पापा पर ताबड़तोड़ चाकू से हमला कर दिया। बीच-बचाव करने पर मेरे हाथ पर चाकू मारा। मेरा अंगूठा कट गया। आठ टांके आए हैं। उसने मां के साथ भी मारपीट की। फिर भाग गया। मोनिका बताया- शादी के बाद से ही पति शराब पीकर मारपीट करता था। जब मेरा बेटा हुआ था, तब भी उसने मुझे कमरे में बंद कर पीटा। छह महीने पहले मेरी दोनों पसलियां तोड़ दी थीं। कई बार लगा कि वह सुधर जाएगा, लेकिन उसका व्यवहार नहीं बदला।
एक महीने पहले मेरे साथ मारपीट की थी। इसके बाद मायके आ गई थी। घटना से दो दिनों पहले संदीप घर के आसपास घूम रहा था और धमकियां दे रहा था।
मोनिका ने बताया- मेरे पिता ब्लड कैंसर से पीड़ित थे। उनका इलाज चल रहा था। हम भगवान से उनकी सेहत और लंबी उम्र की प्रार्थना कर रहे थे, लेकिन मुझको नहीं पता था कि मेरा पति ही मेरे पापा की जान ले लेगा। गाजियाबाद में एक दवा कंपनी के एमआर दामाद संदीप ने गुरुवार रात 10:30 बजे ससुर अनार सिंह की हत्या कर दी थी। उसने ससुर के पेट में चाकू से 5 वार किए। बचाने पहुंची पत्नी को धक्का देकर फरार हो गया। पुलिस के मुताबिक, आरोपी ने 3 दिन पहले पत्नी को थप्पड़ मार दिया था। नाराज होकर पत्नी मायके चली गई थी।
गुरुवार रात संदीप पत्नी को मनाने ससुराल पहुंचा था, लेकिन पत्नी मोनिका ने उसके साथ जाने से इनकार कर दिया था। इससे वह भड़क गया और पत्नी से झगड़ा करने लगा। आवाज सुनकर ससुर अनार सिंह ने उसे डांटा और घर से निकलने के लिए कहा था।
इसी बीच संदीप ने कमर से चाकू निकालकर ससुर पर ताबड़तोड़ वार कर दिए थे। चीख-पुकार सुनकर घरवाले पहुंचे और उन्हें अस्पताल लेकर गए। शुक्रवार सुबह 8 बजे इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। आरोपी संदीप ने मोनिका से 19 साल पहले लव मैरिज की थी। घटना मोदीनगर के फफराना रोड की है।
मोदीनगर के फफराना रोड के रहने वाले अनार सिंह (65) मोदी रबर फैक्ट्री के रिटायर्ड कर्मचारी थे। उनकी 3 बेटियां और एक बेटा है। संदीप चौधरी मूल रूप से बुलंदशहर के शिकारपुर का रहने वाला है। अभी वह मोदीनगर के ब्रह्मपुरी इलाके में रहता है।
अनार के बेटे दीपांशु ने पुलिस को बताया- मेरी बहन मोनिका उर्फ मोनू ने संदीप से लव मैरिज की थी। पिछले एक साल से बहन और बहनोई के बीच विवाद चल रहा था। आए दिन संदीप बहन को परेशान करता था। तीन दिन पहले भी दोनों के बीच विवाद हुआ था। इसी वजह से बहन मायके आ गई थी। इससे जीजा नाराज थे।

