जियो का IPO जल्द, 27 करोड़ शेयर जारी होंगे: सेबी के पास दस्तावेज जमा
रिलायंस इंडस्ट्रीज ने जियो के आईपीओ के लिए आज 19 जून को सेबी के पास दस्तावेज जमा किए। 49वीं एनुअल जनरल मीटिंग में चेयरमैन मुकेश अंबानी ने इसकी जानकारी दी।
आईपीओ के जरिए कंपनी 27 करोड़ नए शेयर जारी करेगी। शेयरों की कीमत कितनी होगी अभी इसकी जानकारी सामने नहीं आई है। पूरी प्रोसेस सेबी के नियमों के मुताबिक होगी। डिजिटल सर्विस प्रोवाइडर कंपनी जियो प्लेटफॉर्म्स लिमिटेड (JPL) ने शुक्रवार को अपने इनिशियल पब्लिक ऑफरिंग यानी आईपीओ के लिए ड्राफ्ट पेपर्स फाइल कर दिए हैं। रिलायंस इंडस्ट्रीज ने स्टॉक एक्सचेंज फाइलिंग में इसकी जानकारी दी है।
एक्सचेंज फाइलिंग के मुताबिक, कंपनी इस आईपीओ के जरिए 27 करोड़ तक नए शेयर जारी करेगी। मार्केट एक्सपर्ट्स के मुताबिक, यह करीब 4 अरब डॉलर यानी 37,000 करोड़ रुपए से ज्यादा का इश्यू हो सकता है। यह साल 2024 में आए हुंडई मोटर इंडिया के 3.3 अरब डॉलर के आईपीओ को पीछे छोड़कर भारत का सबसे बड़ा आईपीओ बन जाएगा। क एक्सचेंज फाइलिंग में अभी सिर्फ 27 करोड़ नए शेयर जारी होने की बात कही गई है। यानी कंपनी नए शेयर बेचकर बाजार से ताजा फंड जुटाएगी। जहां तक मौजूदा बड़े निवेशकों की हिस्सेदारी बेचने का सवाल है, तो उसकी पूरी और सटीक डिटेल सेबी के पास जमा हुए ड्राफ्ट पेपर्स की बारीक समीक्षा के बाद ही पूरी तरह साफ हो पाएगी। शुक्रवार को रिलायंस इंडस्ट्रीज की सालाना आम बैठक में मुकेश अंबानी ने कहा, “जियो की यह लिस्टिंग पूरी दुनिया को दिखाएगी कि भारत वैश्विक स्तर, वैश्विक क्षमता और वैश्विक वैल्यू वाली टेक्नोलॉजी कंपनियां बना सकता है।” जियो प्लेटफॉर्म्स के पास ‘रिलायंस जियो इंफोकॉम’ का मालिकाना हक है। ट्राई के आंकड़ों के मुताबिक देश में जियो के 52.69 करोड़ से ज्यादा ग्राहक हैं। भारत के वायर्ड और वायरलेस इंटरनेट मार्केट के करीब 50% हिस्से पर अकेले जियो का कब्जा है।
भारतीय बाजार में करीब 35% हिस्सेदारी के साथ भारती एयरटेल दूसरी सबसे बड़ी टेलीकॉम कंपनी है। एयरटेल 120 अरब डॉलर से ज्यादा के मार्केट कैप के साथ देश की तीसरी मूल्यवान कंपनी है। बाजार में यह 42 गुना से ज्यादा के प्राइस-टू-अर्निंग (P/E) रेशियो पर ट्रेड कर रही है, जिससे जियो की वैल्यूएशन का अंदाजा लगाने में मदद मिलेगी।

