बुलंदशहर : सभासद जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचे शिकायतें कीं, डीएम ने दिए जांच के आदेश
बुलंदशहर नगरपालिका के टैक्स विभाग की कार्यप्रणाली को लेकर लगातार मिल रही शिकायतों के बाद सोमवार को सभासद जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचे। उनके साथ नगरपालिका चेयरमैन दीप्ति मित्तल भी मौजूद थीं। सभासदों ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर टैक्स विभाग से जुड़ी कथित खामियों और लापरवाही की जांच की मांग की।
सभासदों ने बताया कि आम जनता टैक्स संबंधी शिकायतों को जनप्रतिनिधियों के समक्ष रख रही है। इनमें सबसे अधिक शिकायतें टैक्स में बढ़ोतरी को लेकर हैं। सभासदों के अनुसार, पूर्व व्यवस्था के तहत टैक्स में 19 प्रतिशत की वृद्धि की जानी थी, लेकिन कई उपभोक्ताओं ने दोगुना तक टैक्स लगाए जाने की शिकायत की है।
इसके अतिरिक्त, पुराने रिकॉर्ड के सत्यापन में आने वाली परेशानियों का भी जिक्र किया गया। सभासदों ने बताया कि यदि किसी उपभोक्ता की पूर्व में जमा टैक्स की रसीद खो जाती है, तो पुराने रिकॉर्ड की जांच कराने में दिक्कत होती है। टैक्स विभाग में रिकॉर्ड सत्यापन से संबंधित रजिस्टर और व्यवस्था पर भी सवाल उठाए गए हैं।
घरेलू और व्यावसायिक टैक्स को लेकर भी शिकायतें दर्ज कराई गईं। आरोप है कि कुछ व्यावसायिक भवनों के टैक्स को कम करने के लिए विभागीय स्तर पर कथित रूप से अनियमित बातचीत की गई है। सभासदों ने इन सभी मामलों की निष्पक्ष जांच की मांग की है।
सभासदों ने यह भी आरोप लगाया कि पालिका बोर्ड की बैठकों में टैक्स विभाग से जुड़े मुद्दों पर सवाल पूछने पर अक्सर संतोषजनक जवाब नहीं मिलता। उनका दावा है कि विभाग की खामियों को उजागर करने पर उन पर दबाव बनाया जाता है और उच्च अधिकारियों से शिकायत करने की धमकी दी जाती है।
जिलाधिकारी ने मामले की गंभीरता को देखते हुए टैक्स विभाग से संबंधित शिकायतों की जांच के लिए एक कमेटी गठित करने के निर्देश दिए हैं। इस जांच कमेटी की रिपोर्ट के आधार पर ही आरोपों की सच्चाई और संबंधित अधिकारियों की जिम्मेदारी तय की जाएगी।

