General

गैस सिलेंडर डिलिवरी से जुड़े नियम बदले, e-KYC न कराने पर बंद होगी सब्सिडी

केंद्र सरकार ने रसोई गैस सिलेंडर (LPG) की रिफिलिंग से जुड़े नियम 1 जून से बदल दिए हैं। नए नियम के तहत शहरों में अब 25 दिन बाद ही दूसरा सिलेंडर बुक करा सकेंगे। पहले ये समय 21 दिन था। वहीं, गांवों में 45 दिन बाद ही दूसरी बुकिंग होगी।

इसके अलावा कॉमर्शियल गैस की डिलिवरी और पाइपलाइन से घरों तक पहुंचने वाली रसोई गैस (PNG) के नियम भी सख्त हो गए हैं। गैस कंपनियों के कर्मचारी घर-घर जाकर पाइपलाइन, वॉल्व और गैस मीटर की फिजिकल जांच कर रहे हैं। रसोई गैस से जुड़े कौन-कौन से नए नियम

14.2 किलोग्राम वाले घरेलू गैस सिलेंडर की डिलिवरी के लिए सिर्फ बुकिंग या रसीद दिखाना काफी नहीं होगा। सिलेंडर बुक करते समय रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर एक OTP भेजा जाएगा। डिलिवरी के समय ये OTP गैस एजेंसी के कर्मचारी को बताना होगा। OTP वेरिफिकेशन के बाद ही सिलेंडर दिया जाएगा। इसका मकसद गैस की जमाखोरी और कालाबाजारी को रोकना है।

सब्सिडी पाने के लिए e-KYC जरूरी

बिना e-KYC के उज्ज्वला गैस कनेक्शन वाले ग्राहकों को सब्सिडी नहीं मिलेगी। ग्राहकों को 30 जून, 2026 तक बायोमेट्रिक आधार वेरिफिकेशन कराना होगा। ऐसा न करने पर सब्सिडी रोक दी जाएगी। लंबे समय तक वेरिफिकेशन न कराने वाले कनेक्शनों को ब्लॉक भी किया जा सकता है।

इसके अलावा केंद्र ने उज्ज्वला स्कीम के तहत सब्सिडी वाले सिलेंडरों की संख्या भी घटा दी है। पहले साल में 9 सिलेंडरों पर 300 रुपए की सब्सिडी दी जाती थी। जून, 2026 से साल में सिर्फ 4 सिलेंडरों पर ही सब्सिडी मिलेगी। सब्सिडी सीधे e-KYC से लिंक्ड बैंक खाते में आती है।

पहला- मोबाइल एप से

  • अपनी गैस कंपनी (इंडेन, एचपी गैस या भारत गैस) का एप डाउनलोड करें।
  • एप में मोबाइल नंबर से लॉगिन करें।
  • होम स्क्रीन पर ‘e-KYC’ या ‘Link Aadhaar’ ऑप्शन चुनें।
  • अब आधार नंबर दर्ज करें।
  • आधार से जुड़े मोबाइल नंबर पर आए OTP को वेरिफाई करें।
  • फेस ऑथेंटिकेशन पूरा करें। e-KYC पूरी हो जाएगी।
  • ‘फेस ऑथेंटिकेशन’ के लिए मोबाइल में UIDAI का ‘Aadhaar FaceRD’ एप इंस्टॉल होना जरूरी है। इसके बिना गैस कंपनियों के एप फेस स्कैन नहीं कर पाएंगे।
  • e-KYC हो जाने पर फोन पर कन्फर्मेशन SMS आएगा।

दूसरा- गैस एजेंसी के जरिए

गैस कनेक्शन की पासबुक, आधार कार्ड और रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर लेकर गैस एजेंसी पर जाएं। एजेंसी के कर्मचारी बायोमेट्रिक मशीन से आपकी e-KYC अपडेट कर देंगे।

PNG कनेक्शन वालों को LPG सिलेंडर लौटाने होंगे

पेट्रोलियम मंत्रालय के मुताबिक, PNG कनेक्शन होने के बाद भी कई लोग LPG सिलेंडर बुक करा रहे हैं। जिन घरों में PNG कनेक्शन है, उन्हें LPG सिलेंडर गैस एजेंसी पर जमा करना होगा। इसके लिए PNG कनेक्शन की तारीख से 30 दिन का समय मिलेगा।

सिलेंडर जमा करने पर ग्राहकों को ट्रांसफर वाउचर मिलेगा। भविष्य में अगर वे ऐसी जगह शिफ्ट होते हैं जहां PNG कनेक्शन नहीं है, तो ट्रांसफर वाउचर से LPG कनेक्शन दोबारा मिल जाएगा।

वहीं, लगातार 2 महीने तक अपना PNG बिल जमा न करने पर बिना नोटिस दिए कनेक्शन काटा जा सकता है। दोबारा कनेक्शन चालू कराने के लिए ‘री-कनेक्शन फीस’ देनी होगी।

PNG की सिटी डिस्ट्रिब्यूशन कंपनी फिजिकल चेकिंग के दौरान पाइपलाइन या वॉल्व में ग्राहक की लापरवाही से कोई खराबी मिलती है, तो रिपेयरिंग का खर्च ग्राहक को उठाना होगा। अब 19 किलोग्राम वाले कॉमर्शियल LPG सिलेंडर की डिलिवरी पहले जैसी नहीं होगी। सिलेंडर मिलने के बाद ग्राहक को डिलिवरी ऑथेंटिकेशन कोड (DAC) बताना होगा, तभी डिलिवरी पूरी मानी जाएगी। यह सिस्टम OTP की तरह काम करेगा। इसलिए सिलेंडर मिलने से पहले DAC किसी के साथ शेयर न करें।

डिलिवरी पूरी होने के बाद ग्राहक को डिजिटल कैश मेमो मिलेगा, जिसमें भुगतान और डिलीवरी की पूरी जानकारी होगी। इसके लिए रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर अपडेट रखना जरूरी है। इससे गलत डिलिवरी और फर्जी शिकायतों पर रोक लगाने में मदद मिलेगी।

LPG गैस वितरक उपेंद्र शुक्ला के मुताबिक, सरकार ने 19 किलो वाले कॉमर्शियल LPG सिलेंडर की खरीद पर कोई तय सीमा नहीं लगाई है। होटल, रेस्टोरेंट, ढाबे और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठान अपनी जरूरत के अनुसार सिलेंडर मंगा सकते हैं। हालांकि, तेल कंपनियां अब उपभोक्ताओं की गैस खपत पर नजर रखेंगी।

Umh News india

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *