बरेली : महामंडलेश्वर की कामधेनु गौशाला पर चला बुलडोजर
बरेली के प्रेमनगर थाना क्षेत्र के मौलानगर में मंगलवार को पार्क की जमीन पर बनी बताई जा रही कामधेनु गौशाला पर आखिरकार बुलडोजर चल गया। बरेली विकास प्राधिकरण (BDA) की टीम पुलिस और पीएसी की मौजूदगी में मौके पर पहुंची और ध्वस्तीकरण की कार्रवाई शुरू की।
कार्रवाई के दौरान मौके पर मौजूद लोगों और अधिकारियों के बीच नोकझोंक भी हुई, हालांकि भारी पुलिस बल के चलते स्थिति नियंत्रण में रही।
सुरक्षा के कड़े इंतजाम, इलाके को बनाया गया छावनी
कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए सुबह से ही प्रेमनगर थाना पुलिस, एक कंपनी पीएसी, सीओ सिटी और मजिस्ट्रेट मौके पर तैनात रहे। पूरे इलाके में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए है। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए पुलिस बल को पहले से अलर्ट रखा गया था।
मौलानगर स्थित महामंडलेश्वर संजीव गौड़ द्वारा संचालित कामधेनु गौशाला पर आरोप है कि इसका निर्माण पार्क की सरकारी जमीन पर किया गया है। स्थानीय लोगों ने इसकी शिकायत बरेली विकास प्राधिकरण (BDA) से की थी। जांच के बाद BDA ने निर्माण को अवैध मानते हुए ध्वस्तीकरण के आदेश जारी किए थे।
पहले टली थी कार्रवाई, मंगलवार को पहुंचा बुलडोजर
इससे पहले 24 जुलाई को भी ध्वस्तीकरण की कार्रवाई प्रस्तावित थी। उस दिन पुलिस और पीएसी सुबह से मौके पर तैनात रही थी, लेकिन BDA की टीम नहीं पहुंची, जिसके चलते कार्रवाई टाल दी गई थी। मंगलवार को BDA की टीम बुलडोजर के साथ मौके पर पहुंची और पुलिस सुरक्षा के बीच ध्वस्तीकरण की कार्रवाई शुरू कर दी।
ध्वस्तीकरण के दौरान मौके पर मौजूद कुछ लोगों ने कार्रवाई का विरोध किया। इस दौरान BDA अधिकारियों और विरोध कर रहे लोगों के बीच तीखी नोकझोंक हुई। पुलिस ने समझाकर लोगों को पीछे हटाया और सुरक्षा घेरे में बुलडोजर की कार्रवाई जारी रखी।
स्थानीय लोगों की थी शिकायत
स्थानीय लोगों का कहना है कि करीब 500 वर्गगज क्षेत्र में पार्क की भूमि पर गौशाला बना दी गई थी, जिससे बच्चों के खेलने और आसपास के लोगों के टहलने के लिए सार्वजनिक स्थान समाप्त हो गया। इसी शिकायत के आधार पर BDA ने जांच कर कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू की थी।
बीडीए का कहना है कि ध्वस्तीकरण की कार्रवाई न्यायालय और प्राधिकरण के आदेशों के अनुरूप की गई है।

