पूर्व IAS दिव्या मित्तल की यूपी की राजनीति में एंट्री
यूपी की पूर्व IAS दिव्या मित्तल राजनीति में उतरेंगी। उन्होंने मंगलवार सुबह 8.30 बजे फेसबुक पर वीडियो जारी करके इसका खुलासा किया। उन्होंने कहा- यूपी में ही रहूंगी। डरूंगी नहीं, सवाल करूंगी। मुझे पैसा और बाहुबल नहीं चाहिए। सिर्फ आप लोगों का साथ चाहिए।
उन्होंने कहा-
मैं किसी पार्टी के साथ नहीं जुड़ूंगी। अकेले चलूंगी। मेरा मकसद राजनेता बदलना नहीं, बल्कि पूरी राजनीति को बदलना है। हमारी राजनीति में सत्ता है, शिलान्यास है, शोर है, लेकिन सोच नहीं है। मुझे अपने देश की आजादी के 80 सालों का हिसाब चाहिए।
2013 बैच की IAS रहीं दिव्या ने 30 अगस्त को नौकरी से इस्तीफा दे दिया था। 14 सितंबर को उनका इस्तीफा मंजूर हो गया था। तभी से उनके फ्यूचर प्लान को लेकर कयास लगाए जा रहे थे। दिव्या ने IIT दिल्ली से बीटेक और IIM बेंगलुरु से MBA करने के बाद लंदन में लाखों के पैकेज वाली नौकरी की थी। पॉलिटिकल एक्सपर्ट कहते हैं- दिव्या मित्तल ने जिस तरह की समस्याओं का जिक्र किया है, उनका समाधान विधायक के रूप में रहकर ही करा सकती हैं। ऐसे में माना जा रहा है कि वह विधानसभा चुनाव लड़ सकती हैं। वह अक्सर मिर्जापुर जाती हैं। मां विंध्यवासिनी के दर्शन करती हैं।
ऐसे में यह भी माना जा रहा है कि अगर वह मिर्जापुर को अपनी राजनीतिक कर्मभूमि बनाती हैं तो यहीं से विधानसभा चुनाव लड़ सकती हैं। उन्हें सपा का समर्थन भी मिल सकता है। अगर ऐसा हुआ तो वह अपना दल (एस) की अध्यक्ष और केंद्रीय राज्यमंत्री अनुप्रिया पटेल के लिए चुनौती बन सकती हैं।
अनुप्रिया पटेल का मुकाबला करने के लिए भाजपा का एक बड़ा वर्ग भी पर्दे के पीछे से दिव्या को समर्थन कर सकता है। अगर वह विधानसभा चुनाव जीतती हैं, तो आगे चलकर 2029 के लोकसभा चुनाव में भी किस्मत आजमा सकती हैं।

