अवधी गायक संजय यदुवंशी के समर्थन में उतरे हजारों लोग
सुल्तानपुर : अवधी गायक और कॉमेडियन संजय यदुवंशी और उनके समर्थक मुश्किल में घिरते नजर आ रहे हैं. उनके खिलाफ 5 केस दर्ज किए गए है. दरअसल, संजय के समर्थन में 9 अक्टूबर को सुल्तानपुर के तिकोनिया पार्क में हजारों युवाओं ने प्रदर्शन किया था. इस दौरान संजय और उनके माता-पिता भी मौजूद रहे. प्रदर्शनकारियों ने धम्मौर थाने के एसएचओ से सार्वजनिक माफी मांगने या पूरे थाने को सस्पेंड करने की मांग की. ये प्रदर्शन बाद में अराजकता में बदल गया था. अब इसी के चलते पुलिस ने अलग-अलग केस दर्ज किए हैं. आइए जानते हैं शुरू से मामला.
यह है मामला
मामला शुरू होता है 5 अक्टूबर को. संजय यदुवंशी को मारपीट के मामले में पकड़ने के लिए पुलिस बीते सोमवार को आधी रात उनके घर पहुंची. गेट पर ताला लगा था, तो पुलिसकर्मी दीवार फांदकर अंदर घुसे, लेकिन संजय घर पर नहीं मिले. इस दौरान उनके पिता, मां और भाई की पुलिसकर्मियों से तीखी बहस हो गई. इसका वीडियो भी सामने आया. पूरी घटना धम्मौर थाना क्षेत्र के उघड़पुर गांव की है. संजय के परिवार ने पुलिसकर्मियों पर अभद्रता का आरोप लगाया. संजय ने कहा- पुलिस मुझे किस मामले में गिरफ्तार करना चाहती है? मेरी गिरफ्तारी का वारंट कहां है? हालांकि, सीओ ने उनके आरोपों को खारिज कर दिया था.
सीओ रितिक कपूर ने बताया था कि थाना कोतवाली नगर में जफरुल हसन ने अपने बेटे शबीब रजा के साथ मारपीट और जानलेवा हमला करने का केस दर्ज कराया था. इसमें आरोपी संजय यदुवंशी फरार चल रहे. इसी मामले की जांच के लिए पुलिस उनकी तलाश कर रही थी. सोमवार देर रात उनके घर दबिश दी गई, लेकिन संजय नहीं मिले.
बस इसी के खिलाफ और संजय के समर्थन में शुक्रवार को सुल्तानपुर के तिकोनिया पार्क में हजारों युवाओं ने प्रदर्शन किया. इस दौरान संजय और उनके माता-पिता भी मौजूद रहे. प्रदर्शनकारियों ने धम्मौर थाने के एसएचओ से सार्वजनिक माफी मांगने या पूरे थाने को सस्पेंड करने की मांग की है. धरना प्रदर्शन के दौरान इलाके में अराजकता फैल गई, जो संजय और उनके समर्थकों को भारी पड़ गया है.
संजय यदुवंशी और उनके समर्थकों द्वारा बाबा साहब भीमराव अम्बेडकर के चित्र को फाड़कर फेंकने और उस चित्र को पैरों तले कुचलने, महापुरुषों की मूर्तियों के साथ अमर्यादित आचरण करने व लाखों रुपये की सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने के अलग-अलग मुकदमे दर्ज हुए हैं. इनमें एक मामले में संजय यदुवंशी समेत 12 नामजद और 25 अज्ञात, दूसरे मामले में संजय यदुवंशी समेत 250 अज्ञात और तीसरे मामले में संजय समेत 4 अन्य नामजद लोगों पर केस दर्ज हुआ है. एसपी विनीत जायसवाल के मुताबिक, बिना अनुमति प्रदर्शन, सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान, डॉ. भीमराव आंबेडकर की तस्वीर के अपमान, प्रदर्शन में नाबालिगों के इस्तेमाल और स्वामी विवेकानंद की प्रतिमा पर जूते-चप्पल पहनकर चढ़ने के आरोपों में पांच एफआईआर दर्ज की गई हैं.

